कौरव और पांडवों की शिक्षा-part 19
जब से पांडव और उनकी माँ कुंती हस्तिनापुर वापस आए तब से यह तो निश्चय हो गया था कि उत्तराधिकार […]
जब से पांडव और उनकी माँ कुंती हस्तिनापुर वापस आए तब से यह तो निश्चय हो गया था कि उत्तराधिकार […]
पांडवों और कौरवों ने दो गुरुओं से शिक्षा लिया था कृपाचार्य से और द्रोणाचार्य से। द्रोणाचार्य एक गुरु के रूप
आचार्य द्रोण कौन थे? /वह क्यों एवं कैसे राजकुमारों के गुरु बने?-part 18 Read Post »
पांडवों और कौरवों का आपसी खेल पांडव जब अपनी माता के साथ हस्तिनापुर में रहने लगे तब सामान्य परिवार के
दुर्योधन ने भीम की हत्या का प्रयास क्यों किया?-part 17 Read Post »
कुंती और पांडवों का हस्तिनापुर लौटना शतशृंगी वन में रहने वाले ऋषि-मुनियों ने पांडु और माद्री का विधिवत रूप से
कुंती और पांचों पांडवों को क्यों हस्तिनापुर लौटना पड़ा?- पार्ट 16 Read Post »
पांडु, कुंती और माद्री अपने पांचों पुत्रों के साथ सभी राजकीय सुख-सुविधाओं से दूर वन में रहते हुए कठोर तपस्वी
हस्तिनापुर के राजा पांडु शिकार करने वन में गए थे लेकिन गलती से एक मुनि युगल की हत्या होने और
महाराज पांडु के नेतृत्व में एक बार फिर हस्तिनापुर का कुरु राज्य फलने-फूलने लगा। इसकी कीर्ति बढ़ने लगी। लेकिन एक
पाण्डु क्यों राजगद्दी छोड़ कर वन में चले गए?- part 13 Read Post »
छोटे होने के बावजूद हस्तिनापुर के सिंहासन पर पहले पांडु बैठे क्योंकि उनके बड़े भाई धृतराष्ट्र जन्म से दृष्टिहीन थे।
महाराज पाण्डु ने कुरु वंश के गौरव को कैसे पुनर्स्थापित किया?-part 12 Read Post »
छोटे होने के बावजूद हस्तिनापुर के सिंहासन पर पहले पांडु बैठे क्योंकि उनके बड़े भाई धृतराष्ट्र जन्म से दृष्टिहीन थे।
धृतराष्ट्र की गांधारी से एक सौ पुत्र और एक कन्या उत्पन्न हुई। कुरु वंश का होने के कारण ये सौ